बीजापुर

भोपालपटनम: के  किसानों ने  धान खरीदी की दैनिक सीमा घटाने से किसानों में भारी आक्रोश, एसडीएम को सौंपा ज्ञापन

भोपालपटनम।
भोपालपटनम तहसील के किसानों ने धान खरीदी की प्रतिदिन की मात्रा बढ़ाने एवं खरीदी की समय-सीमा 15 फरवरी तक बढ़ाने की मांग को लेकर अनुविभागीय अधिकारी को कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपा। किसानों ने बताया कि इस वर्ष धान खरीदी की व्यवस्था में भारी कमी के कारण क्षेत्र के किसान गंभीर परेशानियों का सामना कर रहे हैं।
ज्ञापन में उल्लेख किया गया है कि भोपालपटनम तहसील के अंतर्गत कुल 08 लेम्पस (LAMPS) धान खरीदी केंद्र संचालित हैं, लेकिन इस वर्ष प्रतिदिन की खरीदी मात्रा पिछले वर्ष की तुलना में अत्यंत कम कर दी गई है। इसके कारण किसानों का धान समय पर नहीं खरीदा जा पा रहा है और वे आर्थिक संकट से जूझ रहे हैं।
किसानों द्वारा प्रस्तुत आंकड़ों के अनुसार—
भोपालपटनम लेम्पस –
गत वर्ष प्रतिदिन खरीदी: 2000 क्विंटल
इस वर्ष प्रतिदिन खरीदी: मात्र 3.85 क्विंटल
बारेगुड़ा लेम्पस –
गत वर्ष प्रतिदिन खरीदी: 2500 क्विंटल
इस वर्ष प्रतिदिन खरीदी: अत्यंत कम
वरदल्ली लेम्पस –
गत वर्ष प्रतिदिन खरीदी: 2000 क्विंटल
इस वर्ष प्रतिदिन खरीदी: 600 क्विंटल
चेरपल्ली लेम्पस –
गत वर्ष प्रतिदिन खरीदी: 2500 क्विंटल
इस वर्ष प्रतिदिन खरीदी: 943 क्विंटल
भद्राकाली लेम्पस –
गत वर्ष प्रतिदिन खरीदी: 1000 क्विंटल
इस वर्ष प्रतिदिन खरीदी: 257 क्विंटल
मद्देड लेम्पस –
गत वर्ष प्रतिदिन खरीदी: 2500 क्विंटल
इस वर्ष प्रतिदिन खरीदी: मात्र 8.10 क्विंटल
कोंगूपल्ली लेम्पस –
गत वर्ष प्रतिदिन खरीदी: 1500 क्विंटल
इस वर्ष प्रतिदिन खरीदी: 2.75 क्विंटल
रुद्रारम लेम्पस –
गत वर्ष प्रतिदिन खरीदी: 1500 क्विंटल
इस वर्ष प्रतिदिन खरीदी: 249 क्विंटल
किसानों का कहना है कि इस प्रकार प्रतिदिन की खरीदी में भारी कटौती होने से सभी 08 लेम्पस के किसान अत्यधिक परेशान हैं। धान की फसल तैयार होकर मंडियों में पड़ी है, लेकिन खरीदी की धीमी प्रक्रिया के कारण किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। इससे किसानों में शासन के प्रति आक्रोश भी देखने को मिल रहा है।
इसके साथ ही किसानों ने यह भी बताया कि ऑनलाइन टोकन प्रणाली की जानकारी किसानों को सही ढंग से नहीं दी गई है। कई किसान ऑनलाइन प्रक्रिया से अनजान हैं, जिसके कारण वे टोकन नहीं ले पा रहे और धान विक्रय से वंचित रह जा रहे हैं।
किसानों ने प्रशासन से मांग की है कि—
प्रतिदिन की धान खरीदी की मात्रा बढ़ाई जाए,
खरीदी की समय-सीमा 15 फरवरी तक बढ़ाई जाए,
ऑनलाइन टोकन व्यवस्था की स्पष्ट जानकारी गांव-गांव तक पहुंचाई जाए,
तथा धान खरीदी प्रक्रिया को सरल और सुचारु बनाया जाए।
किसानों ने उम्मीद जताई है कि प्रशासन उनकी समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए शीघ्र समाधान करेगा, जिससे क्षेत्र के हजारों किसानों को राहत मिल सके।

Related Articles

प्रातिक्रिया दे

Back to top button

Discover more from ख़बर छत्तीसगढ़

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading