बीजापुर में गौण खनिज रेत खदानों के ई-नीलामी प्रशिक्षण का आयोजन, अब रिवर्स ऑक्शन प्रक्रिया से होगा आबंटन

बीजापुर, 13 अक्टूबर 2025
जिले में गौण खनिजों, विशेषकर साधारण रेत खदानों के आबंटन की प्रक्रिया में अब पारदर्शिता लाने के उद्देश्य से ई-नीलामी (रिवर्स ऑक्शन) प्रणाली को लागू किया जा रहा है। इस नई व्यवस्था के तहत अब रेत खदानों का आबंटन एमएसटीसी पोर्टल के माध्यम से किया जाएगा।
इस प्रक्रिया में निविदा जारी करना, बोलीकर्ताओं का पंजीकरण, ऑनलाइन बोली लगाना, तकनीकी अर्हता प्राप्त करने वाले आवेदकों का चयन, और अंत में लॉटरी प्रक्रिया के माध्यम से अधिमानी बोलीदार का चयन — ये सभी चरण डिजिटल प्लेटफॉर्म पर पारदर्शी ढंग से पूरे किए जाएंगे।
जिलाधिकारी कार्यालय द्वारा जानकारी दी गई कि इस नई ई-नीलामी प्रक्रिया को समझने और अपनाने के लिए अधिकारियों एवं इच्छुक बोलीकर्ताओं को विस्तृत प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। इस प्रशिक्षण में प्रतिभागियों को एमएसटीसी पोर्टल पर पंजीयन, लॉगिन प्रक्रिया, दस्तावेज़ अपलोड, और बोली लगाने के चरणवार तरीके की विस्तृत जानकारी दी जाएगी।
प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन 16 अक्टूबर 2025 (गुरुवार) को किया जाएगा।
स्थान: शहीद गुंडाधुर कृषि महाविद्यालय, कुम्हरावंड, जगदलपुर (सभागार कक्ष)
🕑 समय: दोपहर 2:00 बजे से शाम 5:00 बजे तक
कार्यक्रम में जिलाधिकारी, खनिज विभाग के अधिकारी, तकनीकी विशेषज्ञ तथा एमएसटीसी पोर्टल से जुड़े प्रशिक्षक उपस्थित रहेंगे।
अधिकारियों का कहना है कि इस नई प्रक्रिया से न केवल रेत खदानों के आवंटन में पारदर्शिता आएगी, बल्कि राजस्व वृद्धि और भ्रष्टाचार पर नियंत्रण में भी मदद मिलेगी।
खनिज विभाग के अनुसार, ई-नीलामी प्रणाली से
रेत खदानों के आवंटन में पारदर्शिता सुनिश्चित होगी,
बोली प्रक्रिया ऑनलाइन और निष्पक्ष होगी,
आवेदकों को कहीं से भी पोर्टल पर भाग लेने की सुविधा मिलेगी।
मुख्य बिंदु एक नजर में:
अब रेत खदानों का आबंटन एमएसटीसी पोर्टल पर ई-नीलामी से होगा।
प्रशिक्षण 16 अक्टूबर को जगदलपुर में आयोजित किया जाएगा।
कार्यक्रम का समय दोपहर 2 से शाम 5 बजे तक रहेगा।
प्रशिक्षण में अधिकारियों, तकनीकी विशेषज्ञों और बोलीकर्ताओं को शामिल किया जाएगा।

