बीजापुर

स्वतंत्रता दिवस पर भोपालपटनम के पहुंच विहीन क्षेत्रों के स्कूलों में गूंजा देशभक्ति का जज़्बा

विकासखंड भोपालपटनम के दुर्गम और पहुंच विहीन क्षेत्रों में स्थित शालाओं में इस वर्ष भी स्वतंत्रता दिवस बड़े हर्षोल्लास और गरिमामय वातावरण में मनाया गया।
प्रा. शा. दुडेपल्ली, प्रा. शा. नेतीकाकलेड, प्रा. शा. गोडनुगूर (छोडेकाकलेड), प्रा. शा. कारकावाडा रायगुडा, प्रा. शा. केरपे, प्रा. शा. फरसनार (चिकुडपल्ली), प्रा. शा. पीलूर, प्रा. शा. कोण्डापाडगू, प्रा. शा. सफीमारका, प्रा. शा. पेनकुदूर, प्रा. शा. बडेकाकलेड, प्रा. शा. फूलगुण्डम, प्रा. शा. एडापल्ली, प्रा. शा. टेकमेटा, प्रा. शा. आरेपल्ली, प्रा. शा. देपला (इरपागुट्टा), प्रा. शा. चेरपल्ली तथा प्रा. शा. रालापल्ली में तिरंगा लहराया गया और देशभक्ति के गीतों से वातावरण गूंज उठा।

img 20250816 wa03123577371068215196429 Console Corptech
img 20250816 wa03162976815754690363765 Console Corptech
img 20250816 wa03155625700987289246214 Console Corptech
img 20250816 wa03148070339591282079050 Console Corptech
img 20250816 wa03131283673429808226990 Console Corptech

इन बीहड़ों में बसे गांवों में भी ग्रामीणों, जनप्रतिनिधियों, शिक्षक-शिक्षिकाओं और बच्चों की भारी उपस्थिति ने यह साबित कर दिया कि देशभक्ति की भावना सीमाओं और भौगोलिक कठिनाइयों से परे है। ध्वजारोहण के पश्चात देशभक्ति पर आधारित सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए, जिनमें स्कूली बच्चों ने गीत, नृत्य, भाषण और कविताओं के माध्यम से स्वतंत्रता सेनानियों को नमन किया।

विशेष रूप से यह उल्लेखनीय रहा कि इन दूरस्थ इलाकों तक शिक्षा और राष्ट्रीय पर्वों की गरिमा बनाए रखने में शिक्षक वर्ग ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। समारोह में तीनों संकुल के संकुल शैक्षिक समन्वयक (CAC) भी उपस्थित रहे और बच्चों का उत्साहवर्धन किया।

दुर्गम पहाड़ियों और वनांचलों के बीच, जहां तक पहुंचना भी कई बार चुनौती होता है, वहां भी तिरंगे के सम्मान में सभी की आंखें गर्व से चमक रही थीं और भारत माता के जयकारों से घाटियां गूंज रही थीं।

Related Articles

प्रातिक्रिया दे

Back to top button

Discover more from ख़बर छत्तीसगढ़

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading